Read latest updates about "धर्म -अध्यात्म" - Page 1

  • करें गंगाजल का ये उपाय, घर में रहेगा सुख-संपदा का वास

    भगवान शिव ने मां गंगा को अपनी जटाआें में समेट रखा है और उन्हें गंगा जल बहुत प्रिय है। इसी कारण अगर भगवान शिव का गंगाजल से अभिषेक किया जाए तो वे बहुत प्रसन्न होते है। सावन माह में कांवड़िए दूर-दूर से गंगाजल भरकर अपनी कांवड़ में लाते हैं और भोलेनाथ का अभिषेक करते हैं। शास्त्रों में गंगाजल को बहुत...

  • भगवान शिव को बहुत प्रिय है ये पक्षी..

    भगवान शिव को नीलकंठ कहा जाता है, आपको बता दें कि नीलकंठ नाम का एक पक्षी भी होता है। इस पक्षी को भगवान शिव ( नीलकंठ ) का प्रतीक माना जाता है। उड़ते हुए नीलकंठ पक्षी का दर्शन करना सौभाग्य का सूचक माना जाता है। सावन का महीना भगवान शिव की भक्ति का महीना होता है ऐसे में अगर सावन माह में किसी व्यक्ति को...

  • 15 अगस्त को है नागपंचमी , इस शुभ मुहूर्त में करें नाग देवता की पूजा

    नाग पंचमी का त्योहार श्रावण मास की शुक्ल पक्ष की पंचमी को मनाया जाता है। इस दिन नागों की पूजा की जाती है और उन्हें दूध पिलाया जाता है। इस बार नागपंचमी 15 अगस्त को है। पंचमी तिथि 15 अगस्त को सुबह 03ः27 बजे शुरू प्रारंभ होगी और 16 अगस्त को सुबह 01ः51 बजे खत्म होगी। नागपंचमी पर शुभ मुहूर्त में...

  • भगवान शिव के इस मंदिर में पहली बार मिले थे रावण और मंदोदरी

    सावन माह में भारत के सभी मंदिरों में भगवान शिव की पूजा की जाती है, भोलेनाथ के कुछ मंदिर अपनी अनोखी खासियत की वजह से पूरे विश्व में प्रसिद्ध हैं। इन्हीं मंदिरों में से एक है उत्तर प्रदेश के मेरठ सदर में स्थित बिल्वेश्वर नाथ शिव मंदिर, इस मंदिर में सावन के महीने में दूर - दूर से श्रद्धालु आते हैं।...

  • गिफ्ट की हुई इस चीज को रखें अपने घर में, नहीं होगी धन की कमी

    आजकल वास्तु का चलन काफी बढ़ गया है और लोग वास्तु के हिसाब से ही घर और ऑफिस की छोटी-छोटी चीजों का निर्धारण करते हैं। वास्तुशास्त्र में ऐसे कई नियम बताए गए हैं, जिन पर अमल करके जिंदगी सुख और शांति से व्यतीत हो सकती है। अगर घर में किसी तरह का कलह-क्लेश रहता है या बार-बार परिवार के सदस्य बीमार पड़ रहे...

  • अध्यात्म: सृष्टि का संगीत है ओम

    सृष्टा का स्वरूप और सृष्टि का संगीत है ओम्। ब्रहमाण्ड में जो सृष्टा रूप में विद्यमान है, वहीं नाभिचक्र में ओम के रूप में प्रतिष्ठापित है, अर्थात पिण्ड (शरीर) में प्रणव ऊँ का स्थान नाभिचक्र है। यही कारण है कि प्रकृति के पालना का सुन्दर उपहार शिशु संसार में अवतरित होने के पूर्व नाभिकमल (नाभिनाल) से...

  • मंत्र-रहस्य: परम सत्य की खोज में जुटा ज्योतिष

    एक जमाना था जब 'ज्योतिष' भी एक विज्ञान हुआ करता था। महर्षि पाराशर, म. जैमिनी, म. वशिष्ट, आर्यभट्ट महर्षि व्यास और वराहमिहिर, जयदेव, नीलकंठ जैसे वैज्ञानिक और अनुसंधानकर्ता जब तक ज्योतिष से जुड़े रहे, तब तक ज्योतिष एक विज्ञान रहा परन्तु जब से 'ज्योतिषÓ अधकचरे दिमाग वाले शैतान, धूर्त, पाखंडी और धन...

  • इस चमत्कारी मंत्र में छिपा है आपकी सफलता का राज़

    धरती पर शायद ही कोई एेसा व्यक्ति होगा जिसमें कोई गुण न हो। हर इंसान में कोई न कोई गुण ज़रूर होता है। लेकिन हम अक्सर अन्य लोगों के गुणों से इतना प्रभावित हो जाते हैं कि अपने अंदर छुपी योग्यता को पहचान ही नहीं पाते। हम दूसरों के जैसा बनने के चक्कर में किसी को भी अपनी क्षमता दिखा नहीं पाते और न ही...

  • पर्यटन: अमृतसर का स्वर्ण मंदिर

    पंजाब के खूबसूरत नगर अमृतसर में स्थित सिखों के परम पूज्य गुरूद्वारे हर मंदिर साहब में केवल भारत ही नहीं, संसार के कोने कोने से सिख और हिन्दू भक्तजन माथा टेकने पहुंचते रहते हैं। एक सुंदर सरोवर के बीच में स्थित इस गुरूद्वारे को श्रद्धालुओं ने खूब सजा कर रखा है। ऐसे प्रमाण मिलते हैं कि आरंभ में यहां...

  • पतालेश्वर नाम से विख्यात है ये मंदिर, शिवलिंग में होते हैं चमत्कार

    -यमुना किनारे इस मंदिर में सावन में शिवलिंग के दर्शन करता है नाग हमीरपुर । उत्तर प्रदेश के हमीरपुर में यमुना नदी के किनारे बना मंदिर मराठाकालीन है, जो पतालेश्वर मंदिर के नाम से विख्यात है। कुछ दशक पहले यमुना और बेतवा नदियों की भीषण बाढ़ में पूरी तरह से यह मंदिर डूब गया था फिर भी मंदिर अपनी जगह से...

  • अगर पैसों की कमी चल रही है तो इस छोटी सी चीज को रखें अपनी जेब में

    वास्तु का संबंध केवल घर और उसमें रखी जाने वाली चीजों से ही नहीं है, बल्कि खाने-पीने की कई चीजें भी ऐसी होती हैं जो वास्तु से संबंधित होती हैं और इनसे वास्तु को ठीक किया जा सकता है। आपको बता दें कि सब्जी का स्वाद बढ़ाने के लिए काम में आने वाला लहसुन जहां कई तरह की बीमारियों को दूर करता है वहीं आपको...

  • सावन के महीने में करें इस एक मंत्र का जाप..मिलेगा 12 ज्योतिर्लिंगों के दर्शनों का फल

    हिंदू शास्त्रों के अनुसार तीन देवों ने मिलकर इस सृष्टि को संभाल रखा है। ब्रह्मा जी को उत्पत्तिकर्ता माना गया है, भगवान विष्णु पालनकर्ता हैं और भगवान शिव को संहारकर्ता माना गया है। सावन का महीना भोलेनाथ की भक्ति और उन्हें प्रसन्न करने का महीना होता है। सावन के महीने में भगवान शिव की पूजा के साथ ही...

Share it
Share it
Share it
Top