जौनपुर में सिपाही हत्याकांड की सुनवाई में तेजी, पूर्व सांसद उमाकांत यादव हैं आरोपी

जौनपुर में सिपाही हत्याकांड की सुनवाई में तेजी, पूर्व सांसद उमाकांत यादव हैं आरोपी

जौनपुर। उत्तर प्रदेश के जौनपुर में 22 वर्ष पूर्व राजकीय रेलवे पुलिस (जीआरपी) शाहगंज में हुए सिपाही अजय सिंह हत्याकांड की सुनवाई में एक बार फिर तेजी आ गई है। उच्च न्यायालय ने मामले के त्वरित निस्तारण का निर्देश दिया है। प्रत्येक कार्रवाई की रिपोर्ट उच्च न्यायालय भेजी जाती है।
पुलिस के अनुसार सीबीसीआईडी द्वारा मुकदमें की मानिटरिंग करते हुए अदालत द्वारा गवाहों को जारी गिरफ्तारी वारंट के संबंध में पुलिस अधीक्षक को गवाहों को पेश करने का निर्देश दिया गया। हत्यारोपी पूर्व सांसद उमाकांत यादव और अन्य पर शिकंजा कसता नजर आ रहा है। आठवें गवाह पुलिसकर्मी राजेंद्र प्रसाद यादव का बयान दर्ज हुआ। शेष पुलिसकर्मियों और अन्य गवाहों की गिरफ्तारी का वारंट अपर सत्र न्यायाधीश एफ टी सी प्रथम बलराज सिंह ने जारी किया है।
गौरतलब है कि कांस्टेबल रघुनाथ (जीआरपी) शाहगंज ने प्राथमिकी दर्ज कराया था कि 04 फरवरी 1995 को प्लेटफार्म नंबर 04 पर पुलिसकर्मी आरोपी राजकुमार को गिरफ्तार किए हुए थे। उसी समय खुटहन के विधायक उमाकांत यादव अन्य आरोपियों के साथ वहां राइफल, पिस्टल और अन्य शस्त्रों से लैस होकर पहुंचे, ताबड़तोड़ फायरिंग करते हुए पकड़े गए राजकुमार को पुलिस हिरासत से छुड़ा ले गए।
आरोपियों द्वारा की गई फायरिंग में राजकीय रेलवे पुलिस के सिपाही अजय सिंह की मृत्यु हो गई एवं पुलिसकर्मी लल्लन आदि घायल हो गए। मामले की सुनवाई बाइस वर्ष से चल रही है, लेकिन उच्च न्यायालय के निर्देश के बाद अब प्रकरण के निस्तारण में तेजी आ गई है। जल्द ही मामले में फैसला होने की उम्मीद है।

Share it
Share it
Share it
Top