प्रयागराज के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक को अलग सत्ता चलाना पड़ा महंगा..तबादले को लेकर चर्चाएं जोरों पर

प्रयागराज के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक को अलग सत्ता चलाना पड़ा महंगा..तबादले को लेकर चर्चाएं जोरों पर


कुम्भ नगरी (प्रयागराज)। कुम्भ मेला समाप्ति की ओर है और ऐसे में वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक नितिन तिवारी का स्थानांतरण होना चर्चा का विषय बना हुआ है। उनको यहां से हटाकर भले ही इसी पद पर मेरठ भेजा गया है, मगर उनके तबादले को लेकर चर्चाएं जोरों पर हैं।

कुम्भ मेले का छठा और आखिरी मुख्य स्नान पर्व महाशिवरात्रि अभी बाकी है। इसके बावजूद जिले के कप्तान का तबादला होना चौकाने वाला है। कुंभ मेले के दौरान ऐसी चर्चाएं रहीं कि मेला पुलिस और जिला पुलिस में तालमेल का पूरी तरह से अभाव रहा। श्री तिवारी पर वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों का निर्देश दरकिनार कर जिले में अलग सत्ता चलाने का आरोप बराबर लग रहा था।

मौनी अमावस्या स्नान पर्व से एक दिन पहले हुई पत्रकार वार्ता में जब पत्रकारों ने इसकी शिकायत एडीजी से की तो उन्होंने एसएसपी से एक ऐसे पुलिस अधिकारी का नम्बर पत्रकारों को उपलब्ध कराने को कहा जो शहर से मेला क्षेत्र आने में कोई समस्या होने पर उसका निराकरण करा सके। नम्बर तो श्री तिवारी ने एसपी क्राइम का दिया लेकिन आश्चर्य यह रहा कि उनकी सिफारिश किसी ने सुनी तक नहीं। परिणामस्वरूप मौनी अमावस्या के दिन कई पत्रकार मेले में नहीं पहुंच सके। यह बात भी पत्रकारों ने अगले दिन हुई पत्रकार वार्ता में उठाते हुए आरोप लगाया था कि ऐसा प्रतीत हो रहा है कि जैसे एडीजी का निर्देश एसएसपी को नागवार गुजरा था। इसलिए वह पत्रकारों पर ही पूरी भड़ास निकाल रहे हैं।


Share it
Top