मांगों पर दो ध्यान वरना हर चुनाव में करेंगे बहिष्कार..भाजपा सरकार पर किसान हितों की अनदेखी का आरोप: बिदुआ

मांगों पर दो ध्यान वरना हर चुनाव में करेंगे बहिष्कार..भाजपा सरकार पर किसान हितों की अनदेखी का आरोप: बिदुआ



झांसी । केंद्र और प्रदेश की भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) सरकार पर किसान हितों की अनदेखी का आरोप लगाते हुए बुंदेलखंड किसान पंचायत के अध्यक्ष गौरी शंकर बिदुआ ने शनिवार को कहा कि भुखमरी के कगार पर खड़े अन्नदाताओं की मांगों पर अगर ध्यान नहीं दिया गया तो आने वाले हर चुनाव में इस पार्टी का बहिष्कार किया जायेगा।

सरकारी नीतियों के विरोध मे किसान यहां कचहरी चौराहे के पास गांधी पार्क में पिछले चार दिनों ने आंदोलन पर बैठे हैं। बुंदेलखंड में किसानों के सबसे बड़े संगठन बुंदेलखंड किसान पंचायत के अध्यक्ष गौरी शंकर बिदुआ ने शनिवार को बातचीत में कहा " पूर्ववर्ती सभी पार्टियों की सरकारों के काम से हताश होकर बुंदेलखंड के किसानों ने बड़ी उम्मीद के साथ पिछले चुनाव में भाजपा का साथ दिया था। चुनावी जनसभाओं में श्री नरेन्द्र मोदी ने जिस भरोसे के साथ किसानों से वोट मांगा था और उम्मीद की किरण दिखायी थी कि उनके राज में देश में किसानों की स्थिति पूरी तरह से बदल जायेगी। उसी उम्मीद पर भरोसा कर हमने भाजपा के पक्ष में एकजुट मतदान किया था लेकिन केंद्र और प्रदेश दोनों जगह भाजपा की ही सरकार होने के बावजूद बुंदेलखंड का किसान आज भुखमरी के कगार पर पहुंच गया है। उसकी सुध लेने की चिंता किसी को नहीं है।"

उन्होने कहा कि इस सरकार के मात्र पांच साल के कार्यकाल में ऐसे हालात पैदा हो गये हैं कि किसानों की भूखों मरने की नौबत आ गयी है। ये सरकार योजनाएं तो बहुत अच्छी ला रही है बातें बहुत अच्छी कर रही है लेकिन धरातल पर स्थिति बिल्कुल उलट हैं। भाजपा सरकार के आने के बाद किसानों का अनुभव यह रहा है कि अभी तक की विभिन्न दलों की सरकारों से अगर तुलना की जाएं तो वर्तमान सरकार धुर किसान विरोधी सरकार है। पिछली सरकारों मे फसल बरबादी पर हमें कुछ राहत तो मिल जाती थी लेकिन इस सरकार के कार्यकाल में कहीं कोई समस्या है ही नहीं । पिछले पांच सालों में बुंदेलखंड में जबरदस्त सूखा पडा । यहां लोग पानी की एक एक बूंद के लिए तरस गये लेकिन इस सरकार ने बुंदेलखंड को सूखाग्रस्त घोषित नहीं किया।



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