प्रबन्ध निदेशक आशुतोष निरंजन ने एनालाइसिस सेन्टर का उद्घाटन किया

प्रबन्ध निदेशक आशुतोष निरंजन ने एनालाइसिस सेन्टर का उद्घाटन किया

मेरठ। आशुतोष निरंजन (आईएएस) प्रबन्ध निदेशक, पश्चिमांचल विद्युत वितरण निगम लि०, मेरठ की अध्यक्षता एवं अरविन्द राजवेदी, निदेशक (वाणिज्य) की उपस्थिति में विगत 14 मई को प०वि०वि०नि०लि० मेरठ के अन्र्तगत नव स्थापित एम०आर०आई० एनालाइसिस सेन्टर का उद्घाटन किया गया तथा एक दिवसीय कार्यशाला डिस्काम के सभागार कक्ष में आयोजित की गयी। उक्त कार्यशाला में डिस्काम के समस्त अधिशासी अभियन्ता (परीक्षण) एवं सहायक अभियन्ता (मीटर) द्वारा प्रतिभाग किया गया।

प०वि०वि०नि०लि० के एम०आर०आई० एनालाइसिस सेन्टर के माध्यम से डिस्काम स्तर पर अब उपभोक्ताओं के मीटर डाटा का विश्लेषण कर किसी भी अनियमितता को आसानी से जाँचा जा सकता है। आहुत कार्यशाला में मैसर्स साईं कम्प्यूटर द्वारा बड़े उपभोक्ताओं की एम०आर०आई० विश्लेषण के सम्बन्ध में प्रेजेन्टेशन दिया गया। एम०आर०आई० विश्लेषण के माध्यम से संदिग्ध उपभोक्ताओं को पकड़े जाने हेतु चर्चा की गयी। उपभोक्ताओं के मीटर के उपलब्ध डाटा से किसी भी अनियमितता को आसानी से पकड़े जाने वाले तरीके की गहन चर्चा की गयी। अधिशासी अभियन्ता (परीक्षण) को निर्देशित किया गया कि विद्युत परीक्षण खण्ड द्वारा नियमित निरीक्षण/परीक्षण कराते हुये अधिक भार के उपभोक्ताओं की डबल मीटरिंग की स्थिति के सम्बन्ध में मीटर डाटा एनालिसिस कर पाये गये अन्तर पर कार्यवाही एवं उपभोक्ताओं की एम०आर०आई० द्वारा माहवार सही बिल निर्गत करने हेतु निर्देशित किया। इस सम्बन्ध में निर्देशित किया गया कि शत-प्रतिशत मीटर रीडिंग कराया जाना सुनिश्चित किया जाये। 10 कि०वा० एवं अधिक भार के उपभोक्ताओं की एम०आर०आई० द्वारा बिलिंग कराने की अद्यतन स्थिति की समीक्षा की गई। ऐसे उपभोक्ता जिनके परिसर में लगे मीटर एवं पोल पर लगे मीटरों की खपत में अन्तर पाया जा रहा है के विरूद्ध कड़ी कार्यवाही करने के निर्देश दिये। कार्यशाला में अधिशासी अभियन्ता, (परीक्षण) को सस्पेक्टेड प्रकरणों में डाटा एनालिसिस एवं एक्सपेक्शन रिपोर्ट पर शत-प्रतिशत कार्यवाही किये जाने के निर्देश दिये गये। कार्यशाला में पोटेंशियल मिसिंग, के प्रकरणों पर चिन्ता व्यक्त की गयी। इस सम्बन्ध में प्रबन्ध निदेशक, द्वारा निर्देशित किया गया कि पोटेंशियल मिसिंग तीन माह से अधिक रहने पर सम्बन्धित अधिकारी पर कठोर कार्यवाही की जायेगी। इस सम्बन्ध में समस्त अधीक्षण अभियन्ता (वितरण) को प्रत्येक सप्ताह में अधिशासी अभियन्ता (मीटर) एवं सहायक अभियन्ता (मीटर) के साथ मीटिंग करने के निर्देश दिये। आशुतोष निरंजन (आईएएस) प्रबन्ध निदेशक, पश्चिमांचल विद्युत वितरण निगम लि०, मेरठ द्वारा बताया गया कि उपभोक्ताओं को बेहतर विद्युत आपूर्ति सुनिश्चित कराने हेतु पश्चिमांचल विद्युत वितरण निगम लि०, कृत संकल्पित है। कार्यशाला में अरविन्द राजवेदी, निदेशक (वाणिज्य), वी०एन० सिंह, मुख्य अभियन्ता (वाणिज्य), पवन अग्रवाल, अधीक्षण अभियन्ता (एच०वी० ऑडिट सेल) आदि अधिकारी उपस्थित रहे।

Share it
Top