मेरठ: जंगेठी गांव में सिरफिरे का आतंक, आधा दर्जन लोगों को फावड़े से काटा, एक की मौत

मेरठ: जंगेठी गांव में सिरफिरे का आतंक, आधा दर्जन लोगों को फावड़े से काटा, एक की मौत

मेरठ। उत्तर प्रदेश में मेरठ जिले के एक गांव में दिल दहला देने वाला मामला सामने आया है। एक सिरफिरे ने गांव में ऐसा आतंक मचाया कि ग्रामीणों का कलेजा कांप उठा। आरोपी युवक ने करीब आधा दर्जन से ज्यादा लोगों को फावड़े से काट डाला। जिसमें एक बुजुर्ग की मौत हो गई, जबकि आठ लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। घटना की जानकारी मिलते ही पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया।

यह सनसनीखेज वारदात थाना कंकरखेड़ा क्षेत्र के गांव जंगेठी की है। मौके पर पहुंची पुलिस की हिरासत से हत्यारोपी छूटकर भाग निकला। लेकिन ग्रामीणों ने उसे घेरकर जमकर पीटने के बाद पुलिस को सौंप दिया।

एसपी सिटी रणविजय सिंह के मुताबिक सिरफिरा संजीव पुत्र बिंदर पंडित शराब पीकर रतन सिंह (65) की परचून की दुकान पर पहुंचा। रतन सिंह और उसका बेटा संजय दुकान पर बैठे थे। रतन सिंह ने उधारी पैसा मांगा तो संजीव गाली गलौज करने लगा। पिता-पुत्र ने विरोध किया तो संजीव वहां से चला गया। करीब पांच मिनट बाद संजीव फावड़ा लेकर फिर से दुकान पर पहुंचा आरोप है कि संजीव ने रतन सिंह पर हमला बोल दिया। फावडे़ से काटकर रतन सिंह की जान ले ली। इस दौरान आरोपी ने रतन सिंह के बेटे संजय, पुत्रवधू सुमन और पोती अंजली पर भी फावडे़ से वार कर दिए।

घटनास्थल से खून से सना फावड़ा लेकर भागा संजीव रास्ते में जो भी सामने आया, उस पर हमला करता रहा। जिसमें गांव के हरपाल, बीरपाल, विनोद, मुकेश, कुसुम को फावड़े से काट दिया। इस दौरान गांव में भगदड़ मच गई।

ग्रामीणों की सूचना पर यूपी-100 पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने हत्यारोपी संजीव को पकड़कर गाड़ी में बैठा लिया। लेकिन संजीव गाड़ी से कूदकर भाग निकला।

गांव में खूनखराबा होने पर ग्रामीणों का गुस्सा फूट गया। ग्रामीणों ने घेराबंदी कर संजीव को दबोच लिया और पीट पीटकर उसे अधमरा कर दिया। इस दौरान पहुंची पुलिस को सौंप दिया। इस दौरान एसपी सिटी और सीओ दौराला पंकज सिंह समेत कई थानों की पुलिस पहुंच गई।

पुलिस ने घायल आरोपी और अन्य घायलों को जिला अस्पताल में भर्ती कराया। जहां से घायल हरपाल, अंजलि और सुमन को मेडिकल अस्पताल ले जाया गया। लेकिन हालत ज्यादा नाजुक होने के चलते हरपाल को दिल्ली के अस्पताल रेफर कर दिया गया।

ग्रामीणों ने रतन सिंह के शव को सड़क पर रखकर हंगामा शुरू कर दिया। ग्रामीणों ने आरोपी संजीव के परिजनों की गिरफ्तारी और आर्थिक मदद की मांग की। पुलिस ने संजीव के पिता बिंदर को भी हिरासत में ले लिया। करीब डेढ़ घंटे तक हंगामा चला। एसपी सिटी ने ग्रामीणों को समझा बुझाकर शांत किया।

Share it
Top