ठेकेदार आत्महत्या कांड में दो अभियंता भेजे गए जेल...सुसाईड नोट में लिखा था दोनों अभियंताओं का नाम

ठेकेदार आत्महत्या कांड में दो अभियंता भेजे गए जेल...सुसाईड नोट में  लिखा था दोनों अभियंताओं का नाम

वाराणसी। उत्तर प्रदेश में वाराणसी के लोक निर्माण विभाग (लोनिवि) के मुख्य अभियंता कार्यालय कक्ष में एक ठेकदार की कथित रुप से गोली मार कर खुदकुशी के सनसनीखेज मामले में गिरफ्तार दो आरोपी अभियंताओं को शनिवार को 14 दिनों की न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया। पुलिस सूत्रों ने बताया कि ठेकेदार अवधेश श्रीवास्तव की मृत्यु के मामले में गिरफ्तर सहायक अभियंता आशुतोष सिंह और कनिष्ठ अभियंता मनोज सिंह को प्रभारी मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी सुरेंद्र यादव की अदालत में पेश किया गया, जहां दोनों आरोपियों की जमानत अर्जी खारिज कर दी गई और उन्हें न्यायिक हिरासत में जेल भेजने का आदेश दिया। उन्होंने बताया कि मृत्यु से पहले कथित तौर रुप से अवधेश द्वारा लिखे गए 'आत्महत्या पत्र में प्रताडि़त करने वालों में दोनों अभियंताओं के भी नाम लिखे हुए हैं। इसी आधार पर कार्रवाई करते हुए शुक्रवार को उन्हें गिरफ्तार किया गया था। ठेकेदार अवधेश ने लोनिवि के अभियंताओं एवं अधिकारियों पर रिश्वत मांगने तथा तरह-तरह से परेशान करने तथा करीब साढ़े चार करोड़ रुपये के भुगतान नहीं करने का आरोप लगाते हुए 28 अगस्त को कथित तौर पर मुख्य अभियंता के सामने ही गोलीमार कर खुदकुशी कर ली थी। मृतक की पत्नी प्रतिभा श्रीवास्तव ने लोनिवि के कैंट क्षेत्र के नदेसर स्थित मुख्य अभियंता समेत आठ विभागीय लोगों के खिलाफ नामजद प्राथमिक दर्ज करवायी थी। मामले की त्वरित जांच के लिए वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक आनंद कुलकर्णी द्वारा कैंट के क्षेत्राधिकारी डॉ अनिल कुमार के नेतृत्व में सात सदस्यीय एक विशेष जांच दल (एसआईटी) का गठन किया गया था।

Share it
Top