अखिलेश सरकार में विधि सलाहकार रहे मनोज त्रिवेदी से सीबीआई ने फिर की पूछताछ

अखिलेश सरकार में विधि सलाहकार रहे मनोज त्रिवेदी से सीबीआई ने फिर की पूछताछ




हमीरपुर। उत्तर प्रदेश के हमीरपुर जिले में सीबीआई की चार सदस्यीय टीम ने अखिलेश सरकार में विधि सलाहकार रहे मनोज त्रिवेदी को फिर तलब कर दो घंटे तक पूछताछ कर उनके बयान दर्ज किये। बयानों की वीडियो रिकार्डिंग भी करायी गयी है। विधि सलाहकार के साथ ही एमएलसी रमेश मिश्रा के खनन कारोबार के पार्टनर समेत आठ मौरंग कारोबारियों ने भी कैम्प ऑफिस में पहुंचकर सीबीआई के अधिकारियों के सामने बयान दिये हैं। सीबीआई के अधिकारियों की अवैध खनन और सिंडीकेट की जांच फिलहाल तेज कर दी है। कैम्प ऑफिस से बाहर निकलते ही विधि सलाहकार के चेहरे का रंग उड़ा हुआ नजर आया वहीं कई मौरंग के कारोबारी परेशान दिखे।

उच्च न्यायालय इलाहाबाद के आदेश पर सीबीआई की चार सदस्यीय टीम हमीरपुर में मौदहा बांध निर्माण विभाग के निरीक्षण भवन में कैम्प ऑफिस बनाकर अवैध खनन और सिंडीकेट के नेटवर्क को खंगालने में जुटी है। अखिलेश यादव अपनी सरकार में खनन मंत्रालय खुद देख रहे थे। उनकी सरकार में महोबा जिले के मनोज त्रिवेदी विधि सलाहकार थे। वर्ष 2012 से 2016 तक हमीरपुर की तत्कालीन जिलाधिकारी बी.चन्द्रकला आईएएस ने मौरंग के पट्टे जारी किये थे। पट्टों को जारी करते समय हाईकोर्ट और एनजीटी के निर्देशों का पालन भी नहीं किया गया था। 49 से ज्यादा मौरंग के पट्टे बी.चन्द्रकला ने जारी किये थे। इसके बाद 14 मौरंग के पट्टे जारी किये गये थे।

हमीरपुर में सत्ता की हनक में एमएलसी रमेश मिश्रा, रामऔतार समेत कई मौरंग कारोबारियों ने प्रतिबंधित मशीनों से अवैध खनन किया और साथ ही सरकार के इशारे पर सिंडीकेट चलाकर जमकर वसूली की गयी थी। इस मामले की जांच कर रही सीबीआई ने दोबारा सपा शासनकाल में विधि सलाहकार रहे मनोज त्रिवेदी को बुलाकर मंगलवार के दिन घंटों पूछताछ की है। इसके अलावा एमएलसी रमेश मिश्रा के पार्टनर कंधी यादव निवासी महोबा, पृथ्वीपाल व अन्य कारोबारियों को कैम्प आफिस तलब कर पूछताछ की गयी है।

मनोज त्रिवेदी सीबीआई के कैम्प ऑफिस से बाहर निकले तो उनके चेहरे का रंग उड़ा नजर आया। कई मौरंग के कारोबारी भी सीबीआई को बयान देने के बाद बाहर परेशान दिखे। याचिकाकर्ता एवं समाजसेवी विजय द्विवेदी ने बताया कि अभी सीबीआई अवैध खनन के साथ सिंडीकेट के नेटवर्क को खंगालने में जुटी है। इसके बाद ईडी (प्रवर्तन निदेशालय) इस मामले को लेकर सभी आरोपितों की सम्पत्ति की जांच करेगा। इसके लिये ईडी हमीरपुर कभी भी आ सकती है।

पूर्व विधायक के भतीजे भी सीबीआई कैम्प आफिस में तलब

अवैध खनन और सिंडीकेट की जांच कर रही सीबीआई की चार सदस्यीय टीम ने मंगलवार को पूर्व विधायक स्व. प्रताप नारायण दुबे के भतीजे अरुण कुमार दुबे उर्फ पप्पू भइया को कैम्प आफिस तलब कर बयान लिये हैं। सूत्र बताते हैं कि आईएएस बी.चन्द्रकला के समय में ये भी मौरंग के कारोबारी रहे हैं। काफी देर तक कैम्प आफिस में उनसे अवैध खनन और सिंडीकेट के बारे में जानकारी ली गयी है। मौरंग कारोबारी सीबीआई के अधिकारियों के सवाल से परेशान भी रहे।

सिंडीकेट नेटवर्क खंगालने को एमएलसी के पार्टनर तलब

याचिकाकर्ता एवं समाजसेवी विजय द्विवेदी ने मंगलवार को देर शाम बताया कि एमएलसी रमेश मिश्रा के खनन के कारोबार में महोबा निवासी कंधीलाल यादव शामिल रहे हैं, जिन्हें सीबीआई ने कैम्प आफिस में तलब कर घंटों पूछताछ की है। उनसे अवैध खनन के अलावा सिंडीकेट के नेटवर्क के बारे में की सवाल कर जानकारी की गयी है। कंधीलाल यादव एमएलसी रमेश मिश्रा की कम्पनी में पार्टनर रहा है।


Share it
Top