भाजपा को उप्र में उनकी पार्टी के साथ गठबंधन किये बिना हराना आसान नही : शिवपाल

भाजपा को उप्र में उनकी पार्टी के साथ गठबंधन किये बिना हराना आसान नही : शिवपाल



लखनऊ । प्रगतिशील समाजवादी पार्टी (पीएसएलयू) के संस्थापक और पूर्व मंत्री शिवपाल सिंह यादव ने दावा किया है कि लोकसभा चुनाव में उनकी पार्टी के साथ गठबंधन किये बिना भारतीय जनता पार्टी(भाजपा) को हरा पाना आसान नही है।

श्री यादव ने बुधवार को यहां संवाददाता सम्मेलन को संबोधित करते हुये कहा कि इसी साल होने वाले लोकसभा चुनाव में भाजपा को हराने के लिये उनकी पार्टी किसी भी सेक्युलर पार्टी से गठबंधन के लिए तैयार हैं। बशर्ते उनकी पार्टी को सम्मानजनक सीटें दी जायें। उन्होने कहा कि गठबंधन के लिये सभी विकल्प खुले हैं। प्रदेश में कोई भी दल उनकी पार्टी के साथ गठबंधन किये बिना भाजपा हरा नही पायेगा।

प्रदेश के पूर्व मंत्री ने अपने भतीजे और समाजवादी पार्टी(सपा) अध्यक्ष अखिलेश यादव का नाम लिए बिना कहा कि उनकी पार्टी राज्य में आने वाले चुनावों में अपनी उपस्थिति दर्ज कराने के लिये आगे बढ़ी है। यदि कोई गठबंधन नहीं हुआ तो उनकी पार्टी श्री मुलायम सिंह यादव के लिए वह एक सीट छोड़ेंगी। बाकी सभी सीटों पर चुनाव लड़ेगी।

प्रदेश में सपा शासन के दौरान खनन घोटाले पर टिप्पणी करते हुए उन्होंने कहा, "हर कोई जानता है कि भ्रष्टाचार उस समय हुआ जब रेत और अन्य खनिज की कीमतें आसमान छू रही थी। " उन्होंने कहा, "मैं वर्ष 2004-07 के दौरान सपा शासन में खनन मंत्री भी था, लेकिन मुझ पर कोई भी भ्रष्टाचार का आरोप नहीं लगा सकता।"

हालांकि उन्होंने कहा कि भ्रष्टाचार हुआ है, लेकिन केन्द्रीय जांच ब्यूरो(सीबीआई) के छापे का समय सही नही है। उन्होंने कहा कि सीबीआई को छापेमारी करने में ढाई साल क्यों लगे। लोकसभा चुनाव के नज़दीक है। सीबीआई द्वारा देर से कार्रवाई से आम लोग इसे शंका की दृष्टि से देख रहे है।

आर्थिक आधार पर सवर्णों को आरक्षण के कदम पर सहमति जताते हुए श्री यादव ने कहा कि आर्थिक आधार पर गरीब सवर्णों को आरक्षण मिलना चाहिए। हमने लखनऊ में नौ दिसम्बर की अपनी पिछली रैली में ही गरीब सवर्णों के लिए आरक्षण की मांग की थी। हमें खुशी है कि हमारी मांग मान ली गई है। लेकिन इसके अलावा कई अन्य वादे हैं, जिन्हें मोदी सरकार ने पूरा नहीं किया है। आरक्षण पहले प्रधानमंत्री नरसिंह राव के कार्यकाल में पेश किया गया था लेकिन वह न्यायालय में खारिज हो गया था। उन्होंने कहा कि हमें बीजेपी के वादों पर भरोसा नहीं है।

इस बीच, अन्य राजनीतिक दलों के वरिष्ठ नेता शिवपाल सिंह यादव की मौजूदगी में पीएसपीएल में शामिल हुए। पार्टी में शामिल होने वाले प्रमुख, पांच बार सपा विधायक और उत्तर प्रदेश के पूर्व मंत्री शिव कुमार बेरिया, कांग्रेस नेता हर्षवर्धन पांडे, सपा नेता सर्वेश कटियार तथा कई अन्य है। [रॉयल बुलेटिन अब आपके मोबाइल पर भी उपलब्ध ,ROYALBULLETIN पर क्लिक करें और डाउनलोड करे मोबाइल एप ]


Share it
Top