स्मूद और सैक्सी पीठ के लिए

स्मूद और सैक्सी पीठ के लिए

कुछ समय पहले तक पीठ की खूबसूरती का विशेष महत्त्व नहीं था पर पिछले कुछ वर्षों से ड्रेस डिजाइनर्स ने इस तरह की ड्रेस डिजाइन की कि पीठ के सौंदर्य का महत्त्व भी खूब होने लगा जैसे नूडल्स स्ट्रेप, बैकलेस, डीप नेक्स आदि।
अगर यह ड्रेस किसी ऐसी महिला ने पहनी हो जिसकी पीठ पर पिंपल्स या ब्लैक हैडस हों, पीठ अच्छी तरह से साफ न हो और बालों वाली हो तो ड्रेस पहनने वाले को फूहड़ कहा जाएगा। अगर पीठ पर काले निशान हों, तब भी आप को ब्लाउज और टॉप्स पहनने के लिए मन को मारना पड़ेगा। कुछ आसान घरेलू नुस्खे हैं जिन्हें अपनाकर आपकी पीठ स्मूद और सैक्सी लगेगी।
टमाटर का गूदा लगाएं
पके हुए टमाटर के गूदे को पीठ पर हल्का रगड़ें। कुछ समय के लिए उसे छोड़ दें। फिर उसे अच्छी तरह से धोकर साफ कर लें। प्रारंभ में नियमित रूप से एक सप्ताह तक ऐसा दोहराएं। परिणाम एक सप्ताह बाद नजर आएंगे। बाद में आप सप्ताह में दो बार नियमित रूप से कर सकते हैं।
नींबू के रस का प्रयोग करें
अगर पीठ पर एक्ने हो तो नींबू के रस के प्रयोग से लाभ मिलेगा। नींबू का रस गुलाब जल में बराबर मात्रा में मिलाएं और पीठ पर लगाएं। नियमित प्रयोग से एक्ने साफ हो जाएंगे।
मेथी दाने का करें प्रयोग
मेथी दाने को पीसकर उसका पेस्ट तैयार कर पीठ के उस भाग पर लगाएं जहां आपको अक्सर एक्ने की शिकायत रहती हो। उस पेस्ट को उस स्थान पर कुछ समय के लिए लगाकर छोड़ दें। तत्पश्चात् अच्छी तरह से पीठ धो लें।
संतरे के छिलकों का करें प्रयोग
सूखे हुए संतरे के छिलकों को पानी में भिगो दें। फिर थोड़ा दूध मिलाकर उसका मिक्सी में पेस्ट तैयार कर लें। उस पेस्ट को पीठ पर हल्के हाथों से लगाएं। 15-20 मिनट बाद उसे अच्छी तरह धो लें।
अंडे का करें प्रयोग
कच्चे अंडे का सफेद भाग एक बर्तन में लें। उसे पूरी पीठ पर लेप की तरह लगा दें और पूरा सूखने दें। फिर अच्छी तरह से उसे धो लें।
पानी का करें सेवन
पीठ पर एक्ने और पिंपल अक्सर कब्ज की शिकायत होने पर होते हैं। दिन में पानी के 8 से 10 गिलास पिएं। ताजे फ्रूट का जूस पिएं। रेशेदार भोजन का सेवन करें ताकि कब्ज न हो।
नियमित सफाई करें
प्रतिदिन नहाते समय पीठ की सफाई भी अवश्य करें। तौलिए से अच्छी तरह पीठ सुखा कर अंतर्वस्त्र प्रतिदिन ताजे पहनें। मौसम अनुसार पानी से स्नान करें। रेशमी वस्त्रों का प्रयोग कम से कम करें। सप्ताह में एक बार पीठ पर तेल की मालिश करें या करवायें ताकि त्वचा नर्म बनी रहे।
- सुनीता गाबा

Share it
Top