Read latest updates about "धर्म-दर्शन" - Page 4

  • पितृ दोष: समस्या और समाधान

    जन्मपत्री का नवम भाव भाग्य भाव कहलाता है। इसके अतिरिक्त इस भाव से पिता और पूर्वजों का विचार भी किया जाता है। धर्म शास्त्रों में यह मान्यता है कि पूर्व जन्म के पापों के कारण पितृ दोष का निर्माण होता है। व्यक्ति का जीवन सुख-दुःख से मिलकर बना होता है। किसी न किसी रुप में दुःख व्यक्ति के सदैव साथ बने...

  • श्राद्ध पक्ष-पितर ऋण मुक्ति मार्ग

    कुर्वीत समये श्राद्धं कुले कश्चिन्न सीदति। आयुः पुत्रान् यशः स्वर्गं कीर्तिं पुष्टिं बलं श्रियम्।। पशून् सौख्यं धनं धान्यं प्राप्नुयात् पितृपूजनात्। देवकार्यादपि सदा पितृकार्यं विशिष्यते।। देवताभ्यः पितृणां हि पूर्वमाप्यायनं शुभम्।। -गरुड़ पुराण ''समयानुसार श्राद्ध करने से कुल में कोई दुखी नहीं...

  • अध्यात्म: गरुड़ पुराण में सदाचरण के स्वर

    भारतीय इतिहास और संस्कृति को जानने और समझने के लिए पुराणों का बड़ा महत्त्व है। पुराणों का उद्देश्य जहां मानव कल्याण का मार्ग प्रशस्त करना बताया गया है वहीं उसमें क्रि याकर्मों का भी विस्तार से वर्णन किया गया है और इसीलिए सामान्यजन पर पुराणों का बड़ा प्रभाव है। एक लोकोक्ति के द्वारा कतिपय व्यक्तियों...

  • पितृ क्या है?

    पितृ का अर्थ है पिता, किन्तु पितृ शब्द कई अर्थों में प्रयुक्त हुआ है: - प्रथम व्यक्ति के आगे के तीन मृत पूर्वज या मानव जाति के प्रारम्भ या प्राचीन पूर्वज जो एक पृथक् लोक के अधिवासी के रूप में कल्पित हैं। दूसरे अर्थ के लिए ऋग्वेद में उल्लेख है कि: पितृगण निम्न, मध्यम एवं उच्च तीन श्रेणियों में...

  • भागवत गीता - कुंडली के दोषों का समाधान

    सनातन हिन्दु धर्म में रामायण और गीता दोनों ग्रंथों का अपना विशेष महत्व है। रामायण हमें आदर्श जीवन जीना सीखाती हैं तो महाभारत हमें कर्म का पालन करने की शिक्षा देकर हमारे जीवन का मार्गदर्शन करती है। दोनों ही ग्रंथों की यह विशेषता है कि इसमें बताई गई बातें व्यवहारिक हैं और प्रत्येक व्यक्ति इन्हें...

  • धनु में शनि होंगे मार्गी , बदलेगी चाल, बदलेगा जीवन

    वैदिक ज्योतिष में शनि को क्रूर ग्रह की संज्ञा दी गई है। वहीं शनि देव को कर्मफल दाता भी कहा गया है। शनि देव प्रत्येक मनुष्य को उसके कर्म के अनुसार फल देकर प्रकृति में संतुलन बनाये रखने का काम करते हैं। हालांकि यह भी सत्य है कि जब शनि की वक्र दृष्टि यानि अशुभ प्रभाव किसी व्यक्ति पर पड़ता है तो उसे...

  • भगवान शिव के कुछ रूपों के विषय में

    पावन महीने सावन में बड़ी ही श्रद्धा व भक्ति से भगवान शिव की अराधना की जाती है। आइये जानते है भगवान शिव के कुछ रूपों के विषय में। प्रमुख 12 ज्योतिर्लिंग सोमनाथ ज्योतिर्लिंग भारत का ही नहीं अपितु इस पृथ्वी का पहला ज्योतिर्लिंग माना जाता है। यह मंदिर गुजरात राज्य के सौराष्ट्र क्षेत्र में स्थित है।...

  • ज्योतिष कैसे रोजमर्रा की जिंदगी में मददगार..?

    जीवन के बारह भाव जीवन की बारह अवस्थाओं के प्रतीक है। पूर्वी क्षितिज में उदित राशि के साथ ही बालक का जन्म होता है। लग्न भाव जिसे प्रथम भाव और अन्य अनेक नामों से सम्बोधित किया जाता है। इस भाव से बालक के व्यक्तित्व, व्यवहार और रहन-सहन और जीवन शैली का विचार किया जाता है। जीवन के बारह भाव जीवन की...

  • श्रीकृष्ण जन्माष्टमी पर्व - श्रीकृष्ण आराधना और संतान प्राप्ति हेतु

    माहात्म्य संपूर्ण भारत में भाद्रपद मास में कृष्ण पक्ष की अष्टमी के दिन श्रद्धा और धूमधाम से मनाया जाता है। उस दिन लोग उपवास रखते हैं। यह माना जाता है कि श्रीहरि के अवतरण काल में अन्न ग्रहण नहीं करना चाहिए। जन्माष्टमी के उपलक्ष्य में भगवान श्रीकृष्ण के मंदिरों को विशेष रुप से सजाया जाता है....

  • भगवान श्रीकृष्ण और गौ सेवा

    रेखा कल्पदेव गौ सर्वोत्तम माता गाय को सुरभि, कामधेनु, अच्र्या, यज्ञपदी, कल्याणी, इज्या, बहुला, कामदुघा, विश्व की आयु, रुद्रों की माता व वसुओं की पुत्री कहा गया है। अथर्ववेद, उपनिषदों, महाभारत, रामायण, पुराण व स्मृतियां में गौ का महिमा गान किया गया है। भवसागर से पार लगाने वाली गोमाता की सेवा करने व...

  • जन्माष्टमी पर एक रुपये के सिक्के से करें ये उपाय

    देशभर में का पर्व बड़ी ही धूमधाम से मनाया जाता है। हिन्दू धर्म में जन्माष्टमी का त्यौहार बहुत ही खास माना गया है। ऐसा बताया जाता है कि जन्माष्टमी के दिन रात को कुछ उपाय किया जाए तो इसका फल तुरंत मिलता है। अगर आप धन की कमी को दूर करना चाहते हैं तो जन्माष्टमी के दिन कुछ कारगर उपाय जरूर करें। ...

  • व्यक्ति को हमेशा इन 5 कामों से बचना चाहिए..

    गरुड़ पुराण में बहुत सारी ऐसी बातें बताई गई है जिनका पालन करने से व्यक्ति के मान-सम्मान, सुख-समृद्धि में वृद्धि होती है। गरुड़ पुराण के अनुसार व्यक्ति को 5 तरह के काम को नहीं करना चाहिए। जो व्यक्ति इन कामों को करते हैं उनके जीवन में परेशानियां बढ़ जाती हैं।आय कम होने पर भी दानी बनना कई लोगों के...

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