Read latest updates about "धर्म-दर्शन" - Page 3

  • गोवर्धन पूजा के दिन लगता है अन्नकूट का प्रसाद

    गोवर्धन पूजा अथवा अन्नकूट हिन्दुओं का एक प्रमुख त्योहार है। दीपावली के दूसरे दिन सायंकाल गोवर्धन पूजा का विशेष आयोजन होता है। लोग इसे अन्नकूट के नाम से भी जानते हैं। इस त्यौहार का भारतीय लोकजीवन में काफी महत्त्व है। इस पर्व में प्रकृति के साथ मानव का सीधा सम्बन्ध दिखाई देता है। इस पर्व की अपनी...

  • दीपावली/जानकारी: पटाखों का बारूद कहां से आया?

    खुशियों और उमंगों से भरा आलोक पर्व दीपावली हर वर्ष धूम-धाम से मनाया जाता है। इस पर्व में लक्ष्मी जी के पूजन के साथ अतिशबाजी छोडऩे का भी विशेष महत्त्व है। बड़े-छोटे हर कोई इसका आनंद उठाते हैं। फुलझड़ी, अनार, बम, चरखी, मशाल आदि रंग बिखेरने के साथ-साथ आवाज भी करते हैं। इस सब रोशनी, आवाज और धुएं के...

  • भारत के प्रमुख शहरों में दीपावली पूजन का समय 27-10-2019

    शहर व्यावसायिक स्थल में पूजन का समय घर में पूजन का समय साधना व सिद्धि समय कुम्भ लग्न वृषभ लग्न सिंह लग्न प्रारम्भ समाप्त प्रारम्भ समाप्त प्रारम्भ समाप्त दिल्ली 14:15 15:43 18:43 20:38 01:17 03:35 चेन्नई 13:46 15:27 18:55 20:57 01:12 03:25 कोलकाता 13:24 14:57 18:09...

  • दीप प्रज्वलित कीजिए मन में सात्विक भावों की सृृष्टि के लिए

    विभिन्न मांगलिक अवसरों पर दीप प्रज्वलन की सुदीर्घ परंपरा हमारे यहाँ विद्यमान है। दीपावली, गुरूपर्व तथा अन्य प्रमुख त्योहारों पर ही नहीं अपितु प्रत्येक भारतीय घर में सुबह और शाम दोनों समय घर में बने मंदिर अथवा भगवान की मूर्ति के सामने दीप प्रज्वलित करने की प्रथा है। मंदिरों अथवा कई घरों में तो हर...

  • सुख व समृद्धि की कामना का पर्व है दीपावली

    दीपावली जैसे पर्व को प्राचीन काल से ही सुख व समृद्धि का प्रतीक माना गया है। इस दिन देवी 'लक्ष्मी' का पूजन होता है। धन संपत्ति तो शुरू से ही मानव समाज की आकांक्षा व आवश्यकता रही है। इस दिन कोई भी व्यक्ति चाहे वह कितना ही गरीब क्यों न हो, फिर भी अपनी कमाई का कुछ हिस्सा अवश्य ही 'दीप' जलाने व लक्ष्मी...

  • दीवाली विशेष: दीवाली से पहले आ जाती है उल्लुओं की शामत

    एशियाई और विशेष रूप से भारतीय देशों में आस्था, धर्म और अन्धविश्वास के नाम पर दीपावली पास आते ही निरीह पक्षी उल्लू पर संकट मंडराने लगता है। यदि उल्लू के संहार पर रोक नहीं लगी तो जल्दी ही यह भी विलुप्त पक्षियों की श्रेणी में आ जायेगा। ब्राजील, चाइना,इटली और स्वीडन के पक्षी विशेषज्ञों ने गंभीर...

  • दीवाली विशेष: महालक्ष्मी के साथ गणेश की पूजा क्यों?

    लक्ष्मी के साथ गणेश पूजन की परंपरा के बारे में एक कथा प्रचलित है। इस कथा के अनुसार एक साधु को एक बार राजसी सुख भोगने की इच्छा हुई। उसने लक्ष्मी जी की कठोर तपस्या की और उनसे राजसी सुख भोगने का वरदान प्राप्त कर लिया। इसके बाद वह राज दरबार में पहुंचा और सीधे राजा के पास जाकर उसका मुकुट गिरा दिया। ...

  • जब यमराज, यमुना के घर पहुंचे

    पांच दिवसीय पर्वों के महापर्व दीपावली की अन्तिम कड़ी का पर्व है भाईदूज। इसी दिन दीपोत्सव का समापन होता है। इस दिन भाई, बहनों के घर जाकर भोजन करते हैं। बहनें भाई की दीर्घायु कामना के लिए यमराज की पूजा करती है। इसी दिन यमराज की बहन यमुना और चित्रगुप्त सहित यमदूतों की पूजा भी करनी चाहिए। ब्रज क्षेत्र...

  • दीपावली महालक्ष्मी पूजन विधि

    भारतीय संस्कृति में अनेक पर्व व त्यौहार मनाए जाते हैं। इनमें कार्तिक मास की अमावस्या को दीपावली का पर्व विशेष रूप से मनाया जाता है। यह पर्व असत्य पर सत्य की और अंधकार पर प्रकाश की विजय का प्रतीक है। इस दिन भगवान राम चैदह वर्ष का वनवास पूरा करके अयोध्या लौटे थे, कृष्ण भक्तों के अनुसार दुष्ट राजा...

  • धनवंतरि जयंति: प्रथम सुख निरोगी काया

    उत्सवों का उत्सव है दीपावली। पंचपर्वों के इस महोत्सव में प्रथम पर्व है धनतेरस। कार्तिक कृष्ण पक्ष की त्रयोदशी को धनतेरस, धन्वंतरि त्रयोदशी या धन त्रयोदशी का पर्व पूरी श्रद्धा एवं विश्वास के साथ मनाया जाता है। आरोग्य के देवता धन्वंतरि के अलावा इस दिन मृत्यु के अधिपति यम, देवी लक्ष्मी तथा धन-वैभव के...

  • व्यंग्य: दीपावली में दिल जलता है

    त्योहारों के तौर-तरीके बदल रहे हैं। हमारे प्यारे देश में पूजा, पाखंड, पैरवी, परनिंदा, जात, बरात जैसी कुछ स्थायी नियामतें हैं जो आकर टिक गई हैं वरना सब कुछ परिवर्तनशील है। भ्रष्टाचार का रेट, सरकार के अफसर, सियासी परिवार के खासआम, सब समय के साथ बदलते रहते हैं। हमारे एक मित्र दीवाली के दिन तीन पत्ती...

  • दीवाली विशेष: महापुरूषों की स्मृृति भी कराती है दीपावली

    दीपावली खुशियों व उमंगों का त्यौहार है। यह त्यौहार हमें मर्यादा पुरूषोतम भगवान श्रीराम के साथ साथ तीन अन्य महापुरूषों का स्मरण भी कराता है। जैन संप्रदाय के प्रवर्तक श्री महावीर, वेदों के प्रकाण्ड विद्वान स्वामी रामतीर्थ और आर्यसमाज के संस्थापक स्वामी दयानंद सरस्वती के इस दीपमालिका के पर्व से गहरा...

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