अयोध्या के विवादित स्थल को सेना के हवाले किया जाये: मुस्लिम संगठन

अयोध्या के विवादित स्थल को सेना के हवाले किया जाये: मुस्लिम संगठन

नयी दिल्ली। अयोध्या में विवादित बाबरी ढांचे के ध्वंस की 26वीं बरसी की पूर्वसंध्या पर विभिन्न मुस्लिम संगठनों ने श्री राम जन्मभूमि पर राम मंदिर के निर्माण के वास्ते विश्व हिन्दू परिषद (विहिप) के अभियान पर चिंता व्यक्त करते हुए राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद से बुधवार को गुहार लगायी कि उच्चतम न्यायालय का अंतिम निर्णय आने तक विवादित स्थल पर किसी भी निर्माण की अनुमति नहीं दी जाए और उस स्थान को सेना के हवाले किया जाए।

अखिल भारतीय मुस्लिम एकता मोर्चा और अखिल भारतीय बाबरी मस्जिद पुनर्निर्माण समिति ने अयोध्या में विवादित स्थल पर पुन: बाबरी मस्जिद बनाने की मांग को लेकर यहां जंतर मंतर पर प्रदर्शन किया और राष्ट्रपति के नाम ज्ञापन दिया। ज्ञापन में राष्ट्रपति से मांग की गयी कि वह संविधान के अनुच्छेद 138 बी के तहत उच्चतम न्यायालय को राममंदिर -बाबरी मस्जिद विवाद को अंतिम, बाध्यकारी एवं समयबद्ध निर्णय के लिए भेजें।
अखिल भारतीय बाबरी मस्जिद पुनर्निर्माण समिति के अध्यक्ष मोहम्मद यूसुफ सिद्दीकी ने कहा कि इस मामले में उच्चतम न्यायालय का कोई भी निर्णय मुस्लिम समुदाय के सभी वर्ग स्वीकार करेंगे क्योंकि मुस्लिम समुदाय को देश के कानून, न्यायपालिका और संविधान में पूर्ण विश्वास है। उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ और विहिप बलपूर्वक राममंदिर का निर्माण कराना चाहते हैं। उन्होंने हिन्दू संगठनों द्वारा एक लाख स्वयंसेवकों की भर्ती की विशेष योजना का उल्लेख करते हुए कहा कि इससे मुसलमानों के दिलो दिमाग में असुरक्षा एवं भय की भावना पैदा हो गयी है और देश में सांप्रदायिक तनाव व्याप्त हो गया है।
ऑल इंडिया इस्लामिक कॉन्फ्रेंस के अध्यक्ष शकील अहमद शेरी ने भी राष्ट्रपति को भेजे एक ज्ञापन में आग्रह किया कि जब तक सर्वोच्च अदालत का फैसला नहीं आ जाये, तब तक अयोध्या में किसी प्रकार का मंदिर निर्माण, कारसेवा या अन्य कोई कार्यक्रम अथवा विहिप की धर्मसंसद आदि की अनुमति नहीं दी जाए। उन्होंने कहा कि हिन्दू संगठनों द्वारा इस प्रकार की धमकियां देना एवं मंदिर बनाने का ऐलान करना असंवैधानिक एवं गैरकानूनी है और उच्चतम न्यायालय का अपमान है। उन्होंने कहा कि अयोध्या के विवादित स्थल को सेना के हवाले किया जाए। " रॉयल बुलेटिन की नई एप प्ले स्टोर पर आ गयी है।royal bulletin news लिखे और नई app डाउनलोड करें

Share it
Top