रेलवे स्टेशन पर पसरा सन्नाटा...टिकट निरीक्षक, वितरक सहित अन्य कर्मचारी नजर आ रहे हाथ पर हाथ रखे

रेलवे स्टेशन पर पसरा सन्नाटा...टिकट निरीक्षक, वितरक सहित अन्य कर्मचारी नजर आ रहे हाथ पर हाथ रखे

मुजफ्फरनगर। हमेशा यात्रियों सहित आने-जाने वाली ट्रेनो के शोर से गुलजार रहना वाला मुजफ्फरनगर का रेलवे स्टेशन वर्तमान में चल रहे ट्रेनों के रद्द होने के मामले के चलते वीरान नजर आ रहा है। स्टेशन पर पूरे दिन मरघट से सन्नाटा पसरा रहता है। इतना ही नहीं स्टेशन के बाहर खड़ी होने वाली रिक्शा सहित ई-रिक्शा आदि भी वहां से पूरी तरह से नदारद हो रही हैं। बड़ी मुश्किल से एक दो सिपाही ही जो कि जीआरपी या आरपीएफ के होते हैं, वह ही नजर आ रहे है। पूछताछ केंद्र पर लगा ट्रेनों की जानकारी देने वाला बोर्ड भी केवल यह ट्रेन रद्द है ही बता रहा है। जिसे देखते ही एकआध जो भी यात्राी वहां पर आता है, वह बेबस सा नजर आता है। वर्तमान समय में टिकट चैक करने वाले निरीक्षक सहित टिकट देने वाले कर्मचारी भी हाथ पर हाथ धरे बैठे हैं।

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स्टेशन पर पूरे दिन में नाममात्रा को एक दो चार ट्रेनों का ही आगमन हो रहा है। इसमें से अधिकांश वह ट्रेनें हैं, जो कि किसी प्रकार से बहाल की गयी हैं। जिसमें नौचंदी, देहरा-बांद्रा, पैसंेजर (सभी अप व डाउन) शामिल हैं। स्टेशन पर पसरा मरघट का सा सन्नाटा किसी पुराने समय के गांव के स्टेशन की याद दिलाता है, जहां पर पूरे दिन में केवल एक दो ट्रेनों का ही आवागमन होता था। इस बारे में स्टेशन पर उपस्थित एक यात्री मेरठ के रोहटा रोड निवासी बिजेंद्र सिंह का कहना था कि रेलवे विभाग द्वारा इस प्रकार का निर्णय समझ से परे है। क्या इसे कुछ दिन और नहीं आगे किया जा सकता था। कांवड के समय में आमतौर पर वैसे ही सड़क मार्ग बंद कर दिया जाता है तथा सारा भार ट्रेनों पर ही आता है। ऐसे समय मंे इन्हें ही बंद कर दिया गया। यह निर्णय सही नहीं है किसी भी नजर से। कांवड यात्रा का रेलवे विभाग को ध्यान रखना चाहिए था।
वहीं दूसरी ओर ट्रेनों की बंदी के कारण यात्रियों को सारा भार रोडवेज पर पड़ गया है। जिसके चलते इसकी व्यवस्था बनाने में अधिकारियों व कर्मचारियों के हाथ-पांव फूले हुए हैं।

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इस बारे में जानकारी देते हुए मुजफ्फरनगर डिपो के वाहन आवंटन प्रभारी राजकुमार तोमर का कहना था कि यात्रियों की सुविधा का खयाल रखना ही रोडवेज का मुख्य उद्देश्य है। यात्रियों को किसी प्रकार की परेशानी नहीं होने दी जाएगी। हरिद्वार मार्ग पर अतिरिक्त बसों की व्यवस्था कर दी गयी है, साथ ही स्टेड पर इसकी व्यवस्था करने को लेकर अतिरिक्त कर्मचारियों को भी नियुक्त कर दिया गया है।



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