दादी मां के नुस्खे

दादी मां के नुस्खे

– यदि जी मिचला रहा हो और उल्टी हो रही हो तो एक चम्मच चीनी और 3-4 लौंग बारीक पीस लें और चुटकी भर जीभ पर रखकर चूसें। जी मिचलाने और उल्टी से राहत मिलेगी।
– यदि केला ज्यादा खा लिया हो तो एक इलायची चबा लें। सब पच जाएगा।
– फ्रूट सलाद में सेब और केले का रंग बचाने के लिए उसमें आधा चम्मच नींबू का रस मिला दें।
– यदि मूली ज्यादा खा ली हो तो 1/4 चम्मच अजवायन फांक लें या मूली के कोमल पत्ते चबाकर खा लें। खाई मूली पच जायेगी।
– यदि जामुन ज्यादा खा लिए हों और जी मिचला रहा हो तो आम की एक फांक खा लें। जी का मिचलाना दूर हो जायेगा।
– यदि गले में खराश हो तो साबुत काली मिर्च और मिश्री चबाएं। गले की खराश दूर होगी।
– अरहर की दाल को सुपाच्य बनाने के लिए उसमें आम की खटाई डालें।
– तरबूज को नमक के साथ खाएं। इससे अपच नहीं होगा और तरबूज हजम हो जाएगा।
07 मई: आज प्रख्यात कवि रवींद्र नाथ टैगोर का जन्म हुआ

– मूंग की दाल को सुपाच्य बनाने के लिए रात को भिगो दें तथा सुबह बनाते समय उसमें दो लौंग डाल दें। इससे दाल सुपाच्य हो जाएगी। खाने पर पेट में गैस नहीं बनेगी।
– यदि आप पेट-गैस व अपचन से परेशान हैं तो खाने के बाद मेथी और अजवायन की बराबर मात्रा का पाउडर बनाकर गुनगुने पानी से लें। पेट-गैस और अपचन दूर होगी। कब्ज भी नहीं होगा।
– यदि थकावट के कारण शरीर में दर्द हो रहा हो तो नमक मिले गुनगुने सरसों तेल की मालिश पूरे शरीर पर कर लें तथा गुनगुने पानी से नहा लें। दर्द से राहत मिलेगी।
बाल कथा: मुफ्त का काम

– खुश्की के कारण फटे पांव व बिवाइयों से छुटकारा पाने के लिए सरसों के तेल में मोम पिघलाकर उसमें सूखी मेंहदी बुरक दें तथा गर्म-गर्म ही दरार व बिवाइयों में भर दें। 2-3 बार के प्रयोग से ही लाभ प्राप्त होगा।
-अर्पिता तालुकदार

Share it
Top