BREAKING NEWS
Search

गलत उपचार से युवक की मौत पर हंगामा

मुजफ्फरनगर। चोट लगने के बाद एक चिकित्सक के यहां भर्ती युवक की मौत होने पर परिजनों ने गलत उपचार करने का आरोप लगाते हुए जमकर हंगामा किया। बताया जा रहा है कि युवक एचआईवी से पीड़ित था, लेकिन चिकित्सक ने जांच रिपोर्ट में इंकार कर दिया और उसका दूसरी बीमारी के नाम पर इलाज करते हुए मोटी रकम हड़प ली। जानकारी के अनुसार छपार क्षेत्र के गांव तेजलहेड़ा निवासी कृपाल सिंह के पुत्र प्रदीप को लगभग छह माह पूर्व चोट लग गई थी। बताया जा रहा है कि उसके गुप्तांगों पर भी चोट आई थी, जिसका पहले घर पर ही इलाज किया गया, लेकिन जब चोट ठीक नहीं हुई, तो कस्बा भोपा में चिकित्सक को दिखाया गया। उक्त चिकित्सक ने तीन-चार पट्टी बांधी, लेकिन वह ठीक नहीं हो सका, तो चिकित्सक ने सलाह दी कि वह उसे मुजफ्फरनगर के किसी फिजिशियन के यहां भर्ती करा दें। परिचितों व रिश्तेदारों से सलाह के बाद प्रदीप को जानसठ रोड पर एक नर्सिंगहोम में भर्ती कराया गया, जहां पर चिकित्सक ने जांच के दौरान गुप्तांग पर लगी चोट को ठीक करने का दावा किया। इस दौरान उसके कई प्रकार के टेस्ट व जांच भी कराई गई। सभी जांच में उसे शारीरिक रूप से फिट पाया गया, केवल गुप्तांगों पर लगी चोट से ही दिक्कत होने की बात कही। लगातार 15 दिन तक प्रदीप का उक्त नर्सिंगहोम में इलाज चलता रहा, लेकिन उसकी हालत में कोई सुधार नहीं हुआ और उसकी हालत बिगड़ती चली गई।

आगरा में सांप्रदायिक माहौल बिगाड़ने का प्रयास, पुलिस फोर्स तैनात

परिजनों का आरोप है कि चिकित्सक ने धोखे में रखकर प्रदीप की हालत ज्यादा बिगाड़ दी, जिस कारण उसकी हालत बेहद गंभीर हो गई। परिजनों ने हंगामा करते हुए उसे चिकित्सक के यहां से डिस्चार्ज करा लिया और मेरठ बाईपास पर सुभारती मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराया गया, वहां पर हुई विभिन्न प्रकार की जांच में प्रदीप को एचआईवी पॉजेटिव पाया गया। एड्स के कारण ही प्रदीप की मौत हो गई। इसके बाद परिजन उसका शव मेरठ से ले आए और उक्त चिकित्सक के यहां मुजफ्फरनगर पहुंच हंगामा शुरू कर दिया। परिजनों का आरोप था कि प्रदीप के एचआईवी पॉजेटिव होने के बावजूद चिकित्सक ने जांच रिपोर्ट की सही जानकारी नहीं दी और अधेरे में रखकर ठीक होने का दिलासा दिया गया। परिजनों ने आरोप लगाया कि चिकित्सक ने झूठी जांच रिपोर्ट तैयार कराकर उनसे धोखाधड़ी से मोटी रकम ठग ली। मृतक प्रदीप के भाई प्रवीण कुमार ने पुलिस को तहरीर देने के साथ ही एसएसपी से भी शिकायत की।